Home India News कोरोना काल में कितना सेफ है हवाई सफर, इन 2 स्टडी में...

कोरोना काल में कितना सेफ है हवाई सफर, इन 2 स्टडी में हुआ खुलासा


कोरोना महामारी के बीच फ्लाइट से यात्रा करना कितना सुरक्षित (PTI)

कोरोना काल में प्लेन में सफर करना कितना सुरक्षित है इस पर यूएस सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (US Centers for Disease Control and Prevention) ने इस पर दो अध्ययन किए हैं. दोनों अध्ययनों ने मार्च की शुरुआत में संचालित उड़ानों का विश्लेषण किया है, जब डब्ल्यूएचओ कोरोना को महामारी घोषित किया था.

  • News18Hindi

  • Last Updated:
    September 28, 2020, 5:45 AM IST

नई दिल्ली. देश में 25 मई से डोमेस्टिक फ्लाइट (Domestic Flights Resumed) शुरू हो चुकी है. देशभर में अभी लॉकडाउन का चौथा चरण (Lockdown 4.0) चल रहा है. कई राज्यों ने मेट्रो सेवा, रेस्त्रां और कई स्थानों को खोलने की इजाजत दे दी है. चारों तरफ एहतियात बरती जा रही है, इसके बावजूद देश में कोरोना संक्रमण के मामलों में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है. ऐसे में सवाल यह है कि एयरपोर्ट पर जब हजारों लोगों की भीड़ जुट रही है तो क्या कोरोना वायरस का संक्रमण एयरपोर्ट पर नहीं बढ़ेगा? कुछ लोग ये भी सोच रहे हैं कि कोरोना काल में प्लेन से ट्रैवल करने से संक्रमण का खतरा ज्यादा होगा?

कोरोना काल में प्लेन में सफर करना कितना सुरक्षित है इस पर यूएस सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (US Centers for Disease Control and Prevention) ने इस पर दो अध्ययन किए हैं. दोनों अध्ययनों ने मार्च की शुरुआत में संचालित उड़ानों का विश्लेषण किया है, जब डब्ल्यूएचओ कोरोना को महामारी घोषित किया था और एयरलाइंस कंपनियों ने ट्रैवल करने वाले यात्रियों को मास्क पहनने का प्रोटोकॉल स्थापित किया था. अध्ययन के मुताबिक, संक्रमण का खतरा एक शॉपिंग सेंटर या ऑफिस की तुलना में हवाई जहाज पर कम होता है क्योंकि हवाई जहाज पर केबिन की हवा अक्सर बदल जाती है.

क्या कहता है पहला अध्ययन?
पहला अध्ययन में मार्च की शुरुआत में लंदन से हनोई तक 10 घंटे की व्यावसायिक उड़ान पर SARS-CoV-2 के इन-फ्लाइट ट्रांसमिशन की भूमिका का आंकलन किया गया. इस अध्ययन के दौरान शोधकर्ताओं ने पाया, “इन-फ्लाइट ट्रांसमिशन जो संभवत: 1 रोगसूचक यात्री से उत्पन्न हुआ था, एक लंबी उड़ान के दौरान मामलों का एक बड़ा समूह था.”इस अध्ययन में, लेखक एक संभावित सूचकांक मामले के रूप में वियतनाम के एक 27 वर्षीय व्यवसायी को नोट करते हैं. इंडेक्स मरीज को व्यवसायी वर्ग में बैठाया गया था और जिस समय उसने उड़ान भरी थी, पहले से ही गले में खराश और खांसी हो रही थी. कुल मिलाकर, बोर्ड पर 15 लोगों को अंततः कोविद -19 सकारात्मक होने की पुष्टि की गई. अध्ययनकर्ताओं का कहना है कि उड़ान से पहले या बाद में संक्रमण के प्रभाव को कम या ज्यादा हो सकता है इसका कोई ठोस सबूत नहीं है.

दूसरे अध्ययन में, शोधकर्ताओं ने 23 जनवरी से 13 जून तक हांगकांग स्थित 1,000 से अधिक व्यक्तियों के लिए सार्वजनिक रिकॉर्ड की जांच की. अध्ययकर्ताओं ने पाया कि 9 मार्च को बोस्टन से रवाना हुआ प्लेन 10 मार्च को हांगकांग पहुंचा. इस दौरान 294 यात्रियों ने यात्रा की थी. इस अध्ययन के बाद शोधकर्ताओं का कहना है कि सामान्य तौर पर एक हवाई जहाज के अंदर एक वायरल संक्रमण के संचरण का जोखिम कम माना जाता है.





Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments