Home Health & Fitness रिसर्चों का इशारा, महामारी और लॉकडाउन में फायदेमंद है योग

रिसर्चों का इशारा, महामारी और लॉकडाउन में फायदेमंद है योग


न्यूज़18 क्रिएटिव.

International Yoga Day : भारत में स्वास्थ्य के लिए सदियों से अपनाई जा रही योग पद्धति का लोहा दुनिया मान चुकी है इसलिए UN 21 जून की तारीख विश्व योग दिवस के रूप में घोषित कर चुका है. जानिए कि क्यों अध्ययन समझा रहे हैं कि Covid-19 और Lockdowns के दौर में योग लाभदायक साबित होगा.

केवल शरीर की लचक और सेहत (Physical Health) के लिए ही नहीं, बल्कि दिमाग की राहत (Mind Relaxation) के लिए भी योग अहम है. योग का सबसे खास फायदा यह है कि इसके अभ्यास से तनाव (Stress) में राहत मिलती है और मन व शरीर दोनों आराम महसूस करते हैं. एक नहीं, बल्कि ऐसे कई अध्ययन (Studies) हैं जो ये साबित कर चुके हैं कि शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य (Mental health) के लिए योग महत्वपूर्ण है.

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कैसे स्ट्रेस में फायदेमंद है योग?
ऐसी कई स्टडीज़ हो चुकी हैं, जिनमें यह कहा जा चुका है कि योग के नियमित अभ्यास से कॉर्टिसॉल (Cortisol) नामक हॉर्मोन का स्राव लगातार घटता है. यह तनाव पैदा करने वाला प्राथमिक हॉर्मोन है. इसके अलावा अन्य तरीकों से भी योग तनाव कम करने में मदद करता है.दो तरह की पद्धतियां हैं कारगर

तनाव में योग के फायदों पर आधारित CNET की रिपोर्ट में कहा गया है कि योग से तनाव में दो मुख्य कारणों से राहत मिलती है. पहले, तो योग में शरीर के हर अंग को स्ट्रेच करने से शारीरिक तनाव दूर होता है और इस वजह से मन को भी राहत का एहसास होता है. दूसरे यह कि योग में सांस के संतुलन का महत्व है इसलिए अगर गहरी और सही ढंग से सांस का अभ्यास किया जाता है तो इससे भी मानसिक राहत मिलती है.

कैसे मिले योग के फायदे के सबूत?
दक्षिण ऑस्ट्रेलिया यूनिवर्सिटी ने हल्के और सामान्य तनाव से गुज़र रहे 131 लोगों पर योग के प्रभाव को जानने के लिए अध्ययन किया. इन लोगों को नियमित रूप से योग अभ्यास करने के लिए कहा गया. अध्ययन के लेखकों ने पाया कि योग के कारण इनके तनाव, चिंता में खासी कमी आई और इनकी सेहत का स्तर सुधरा. रिसर्चरों ने यह भी कहा कि योग मानसिक स्वास्थ्य के लिए ज़्यादा फायदेमंद साबित हुआ. यह अध्ययन ‘कॉम्प्लीमेंट्री थैरेपीज़ इन मेडिसिन’ पत्र में प्रकाशित हुआ.

एक और प्रयोग में योग ने दी सहनशक्ति

हार्वर्ड हेल्थ पब्लिशिंग की रिपोर्ट के हवाले से कहा गया है कि उटाह यूनि​वर्सिटी के अध्ययन के तहत ऐसे 12 लोगों को शामिल किया गया जो नियमित योग करते थे, ऐसे 14 लोगों को, जो fibromyalgia के शिकार थे और 16 स्वस्थ लोग भी शामिल किए गए.

इन सब पर कुछ प्रयोगों के बाद पाया गया कि योग अभ्यास करने वालों में दर्द बर्दाश्त करने की क्षमता ज़्यादा थी. दूसरी तरफ, एमआरआई के दौरान इन्हीं लोगों के मस्तिष्क में दर्द संबंधी एक्टिविटी सबसे कम देखी गई. इसके बाद रिपोर्ट में कहा गया कि योग हर प्रकार से स्वास्थ्य बेहतर करने के लिए उपयोगी अप्रोच है.

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कोविड के समय कैसे फायदेमंद है योग?
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2020 की थीम ‘सेहत के लिए योग – घर पर योग’ रखी गई है. इसका मकसद यही है कि पूरी दुनिया में लोग महामारी और लॉकडाउन के चलते सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें और घरों से​ कम से कम निकलें. इन हालात में दुनिया के कई हिस्सों में मानसिक तनाव, चिंता और डर के ​चलते कुछ असामान्य मानसिक स्थितियां बनने की भी खबरें हैं. जैसा कि रिसर्च बता चुकी हैं, सामान्य योग के ज़रिये मामूली मानसिक समस्याओं और तनाव पर काबू पाया जा सकता है.


First published: June 21, 2020, 7:42 PM IST





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